अल्फांसो आम को “फलों का राजा” कहा जाता है। यह आम मुख्यतः महाराष्ट्र के रत्नागिरी, देवगढ़ व सिंधुदुर्ग क्षेत्रों में उगाया जाता है। इस किस्म का स्वाद अत्यंत मीठा, सुगंधित, और रेशा-रहित होता है। यह आम विशेष रूप से निर्यात, गिफ्टिंग और उच्च मूल्य वाले बाजारों के लिए उगाया जाता है। पौधे में संतुलित वृध्दि होती है और यह उन्नत तकनीकों से अच्छे उत्पादन में सक्षम होता है।
🌱 पौधरोपण एवं देखभाल सुझाव (Planting Care Tips):
धूप: पूर्ण धूप आवश्यक (6-8 घंटे)
मिट्टी: अच्छी जलनिकासी वाली लाल दोमट मिट्टी
सिंचाई: 7-10 दिन के अंतराल पर
खाद: नीम खली, वर्मी कम्पोस्ट और संतुलित NPK
दूरी: 8 x 8 मीटर (या हाई डेंसिटी प्लांटेशन में 5 x 5 मीटर)